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प्रदेश में राज्य सूचना आयोग के रिक्त पदों को भरने के बाद अब सरकार राज्य निर्वाचन आयोग में आयुक्त की नियुक्ति करेगी। प्रदेश की मुख्य सचिव वीरा राणा को राज्य निर्वाचन आयुक्त बनाया जा सकता है। उनकी छह माह की सेवावृद्धि की अवधि 30 सितंबर को पूरी हो रही हैं। राज्य निर्वाचन आयुक्त का पद मुख्य सचिव स्तर का है। वर्तमान आयुक्त बसंत प्रताप सिंह की कार्यावधि समाप्त हो चुकी है। नई नियुक्ति नहीं होने के कारण वह दायित्व संभाल रहे हैं।
प्रदेश में मानव अधिकार आयोग, राज्य निर्वाचन आयोग, राज्य स्तरीय पर्यावरण प्रभाव आकलन प्राधिकरण सिया, राज्य कार्य गुणवत्ता परिषद सहित कई राज्य स्तरीय संस्थाओं के प्रमुख के पद रिक्त हैं। पहले विधानसभा और फिर लोकसभा चुनाव के कारण नियुक्ति प्रक्रिया टलती गई। अब राज्य सूचना आयोग के रिक्त पदों को भरने के साथ शुरुआत की गई है।
राज्य निर्वाचन आयुक्त बसंत प्रताप सिंह का कार्यकाल 30 जून 2024 को पूरा हो चुका है। नियमानुसार नई नियुक्ति होने तक वे पद पर बने रहेंगे। यह अवधि किसी भी स्थिति में छह माह से अधिक नहीं होगी।
सेवावृद्धि पाने वाली छठी अधिकारी
वीरा राणा मुख्य सचिव पद पर सेवावृद्धि पाने वाली प्रदेश की छठी अधिकारी हैं। सन 2000 के बाद आर परशुराम, बीपी सिंह और इकबाल सिंह बैंस को सेवावृद्धि मिल चुकी है। लगातार दो बार सेवावृद्धि अकेले इकबाल सिंह बैंस को छह-छह माह की मिली थी।