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राज्यों से

जूना अखाड़े में आए एक नागा बाबा और रामसेतु का चमत्कारी पत्थर श्रद्धालुओं को अपनी ओर आकर्षित कर रहा, उमड़ी भीड़

प्रयागराज
महाकुंभनगर के जूना अखाड़े में आए एक नागा बाबा और रामसेतु का चमत्कारी पत्थर श्रद्धालुओं को अपनी ओर आकर्षित कर रहा है। बताए जा रहा है कि पानी में तैरता हुआ ये पत्थर वही है, जिस पर प्रभु राम के पांव पड़े थे। रामसेतु भारत और श्रीलंका को जोड़ने वाला एकमात्र प्रसिद्ध पुल है। भारतीय पौराणिक कथाओं के अनुसार, यह पुल भगवान राम की वानर सेना द्वारा माता सीता को रावण के चंगुल से बचाने के लिए तैरते हुए पत्‍थरों से बनाया गया था। अखाड़े के नागा बाबा कहते हैं कि यह पत्थर इसीलिए रखा गया है ताकि लोग इसकी विशेषताएं और पौराणिक इतिहास को जान सके।

बता दें कि महाकुंभ दुनिया को एकता का संदेश दे रहा है और भारतीय संस्कृति को देखने व समझने के लिए सभी देशों के लोग यहां आ रहे हैं। महाकुंभ के लिए लोग दुनियाभर से यहां आ रहे हैं। यह एक अद्भुत क्षण है। महाकुंभ दुनिया का सबसे बड़ा धार्मिक आयोजन है और यहां सब कुछ पूरी तरह से व्यवस्थित है।

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