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नोएडा-ग्रेनो को मिली 10 मिनी बसों की सौगात, 2 करोड़ लोगों को होगा फायदा

नोएडा 
उत्तर के नोएडा और ग्रेटर नोएडा के लोगों के लिए एक अच्छी खबर है. नोएडा और ग्रेटर नोएडा में अब जल्द ही मिनी बसें दौड़ती नजर आएंगी. नोएडा शहर को इसी महीने 10 मिनी बसें मिलने वाली हैं. ये मिनी बसें शहर के 10 रूटों पर चलेंगी. ये बसें जिन रूटों पर चलेंगी उनका निर्धारण किया जा चुका है. इन 10 मिनी बसों के चलने से शहर और गांवों की कनेक्टिविटी को नई रफ्तार मिलेगी.

उत्तर प्रदेश परिवाहन निगम के क्षेत्रीय प्रबंधक मनोज कुमार सिंह ने बताया कि इसी महीने में ही 10 मिनी बसें निगम को मिलने जा रही हैं. शहर में कनेक्टिविटी को और बेहतर करने के मकसद के साथ ये मिनी बसें लाई जा रही हैं, ताकि लास्ट माइल तक कनेक्टिविटी को मजबूत किया जा सके. इन 10 मिनी बसों के चलने से जिले की करीब दो करोड़ की आबादी को फायदा मिलेगा. मिनी बसों के लिए रूटों का निर्धारण किया जा चुका है.

इन रूटों पर चलेंगी मिनी बसें
ये 10 मिनी बसें नोएडा-ग्रेटर नोएडा-रुबुरपूरा-झांझर-रन्हैरा, नोएडा-ग्रेटर नोएडा-जेवर कट-जहांगीरपुर-लौदाना, नोएडा-ग्रेटर नोएडा-परिचौक-जेवर-बिलासपुर-दनकौर-झाझर, नोएडा-ग्रेटर नोएडा-परिचौक-जेवर-झुप्पा, नोएडा-परिचौक-रबुपुरा-तिर्थली-कौली-गोविंदगढ़-कोठरा-झुप्पा, नोएडा-खेड़मोड़-तकीपुर-अनवरपुर-चांदपुर-मोहद्दीनपुर, नोएडा-सुरजपुर-दादरी-महावर, नोएडा-बदौली-सुरजपुर-दादरी-कलौंदा, नोएडा-डेहरा-झाल और नोएडा-छायसा तक संचालित की जाएंगी.

लास्ट माइल कनेक्टिविटी न होने के कारण लोगों की जेबों पर असर
बता दें कि लास्ट माइल कनेक्टिविटी न होने के कारण ही ग्रामीण इलाकों के लोग विशेषतौर पर या तो प्राइवेट वाहनों का इस्तेमाल करते हैं. इसके अलावा उनकी निर्भरता ऑनलाइन कैब, बाइक और टैक्सी चालकों पर होती है. ये सब ग्रामीण इलाकों के लोगों के लिए महंगे होते हैं. इसका सीधा असर लोगों की जेबों पर दिखाई देता है. हालांकि इनमें से कुछ रूटों पर निगम अपनी बसें चलाता था. गौरतलब है कि यूपी में कई जिलों में मिनी बसें चल रही हैं.

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