BHOPAL-शिवराज कैबिनेट (Shivraj cabinet) की बैठक में आज कई अहम फैसलों पर मुहर लगी. राज्य सरकार ने दुग्ध संघ में किसानों के लंबित भुगतान की राशि के भुगतान को मंजूरी दी.
मध्यप्रदेश विधानसभा (MP Assembly) का बजट सत्र (Budget) 22 फरवरी से शुरू होने वाला है.कोरोना संकट के बाद लंबे अंतराल में हो रहा ये सत्र इस बार इसलिए भी महत्वपूर्ण होगा क्योंकि पुरानी परंपरा को बदलते हुए प्रदेश के वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा इस बार पेपर लेस बजट पेश करेंगे. वित्त मंत्री देवड़ा टेबलेट के जरिए राज्य का लेखा-जोखा पेश करेंगे.शिवराज कैबिनेट की आज हुई बैठक में राज्य के बजट को पेपर लेस करने का फैसला हुआ.
शिवराज कैबिनेट की बैठक में आज कई अहम फैसलों पर मुहर लगी. राज्य सरकार ने दुग्ध संघ में किसानों के लंबित भुगतान की राशि के भुगतान को मंजूरी दी. कोरोना काल के दौरान किसानों की लंबित राशि के भुगतान के लिए 14 करोड़ 80 लाख
रुपए के प्रस्ताव को कैबिनेट ने मंजूरी दे दी.
शिवराज कैबिनेट के फैसले
– दुग्ध संघ में लंबित किसानों के भुगतान राशि का होगा भुगतान
किसानों को जीरो फीसदी ब्याज पर ऋण की योजना रहेगी जारी.
– 24 लाख किसानों को होगा फायदा
-इसके लिए 5000 करोड़ रुपये की राशि का प्रावधान
– शिवराज सरकार का आगामी बजट पेपरलेस होगा
-टेबलेट पर पेश होगा प्रदेश का बजट
-राज्य की परफॉर्मेंस गारंटी वाली सड़कों पर लगने वाले टैक्स की राशि 5 फ़ीसदी से घटाकर 3 फ़ीसदी करने का फैसला
– इलेक्ट्रॉनिक विकास निगम और इनफार्मेशन टेक्नोलॉजी विभाग एक होगा
सीएम के निर्देश
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह ने कैबिनेट की बैठक में मंत्री और विभागों को निर्देश दिए हैं कि केंद्र के बजट से मध्यप्रदेश को होने वाले फायदे की जानकारी जुटाई जाए और केंद्र से ज्यादा से ज्यादा बजट राज्य को दिलाने के लिए अभी से सक्रिय हो जाएं. उन्होंने केंद्रीय बजट में पोषण 2.0 की शुरुआत होने पर राज्य में पोषण आहार के लिए ज्यादा से ज्यादा राशि जुटाने के लिए कहा है. बजट में एकलव्य स्कूलों की घोषणा पर ज्यादा से ज्यादा एकलव्य स्कूल प्रदेश में खोलने का प्रस्ताव बनाने के भी निर्देश दिए हैं. सीएम ने एमएसएमई के जरिए टैक्सटाइल के लिए अभी से प्रयास करने के लिए कहा है. सीएम शिवराज ने मंत्रियों को कहा है कि यह पर्याप्त अवसर है जब प्रदेश के मंत्री और विभागीय अफसर केंद्र से ज्यादा से ज्यादा योजनाओं के जरिए राशि जुटाने के लिए काम करें ताकि केंद्र के बजट से मध्य प्रदेश को फायदा पहुंचे. इसके लिए अभी से कदम उठाए जाएं.मुख्यमंत्री ने उज्जवला योजना के तहत आठ लाख परिवारों को होने सवाले फायदे के लिए तत्काल कदम उठाने के भी कहा है. सिंचाई और पीएचई के जरिए भी केंद्र से ज्यादा से ज्यादा राशि जुटाने के लिए कदम उठाने के निर्देश दिए हैं.






